यहां बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (BCB) और अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) के बीच एक बड़ा टकराव देखने को मिल रहा है। बांग्लादेश ने ICC को साफ शब्दों में कह दिया है कि उसे वर्ल्ड कप खेलने या न खेलने से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। यह बयान तब आया है जब बांग्लादेश ICC की कुछ शर्तों और भारत में मैच खेलने से इनकार करने के बाद अपने मैचेस को शिफ्ट करने की मांग कर रहा था।
बांग्लादेश की कड़ी चुनौती और ICC को साफ संदेश
बांग्लादेश ने ICC को कड़ा संदेश देते हुए कहा है कि “भाड़ में जाए T20 वर्ल्ड कप” (World Cup boycott), क्योंकि उन्हें खेलें या ना खेलें, कोई नुकसान नहीं होने वाला है। पहले बांग्लादेश ने भारत में आकर मैच खेलने से मना किया, फिर मांग की कि ICC उनके मैचेस को कहीं और शिफ्ट कर दे। जब ICC ने कुछ शर्तें रखीं, तो बांग्लादेश की तरफ से सीधा जवाब आया कि उन्हें वर्ल्ड कप से कोई फर्क नहीं पड़ता। उनके पास दो विकल्प थे: या तो ICC की बात मानें या फिर अपने पॉइंट्स छोड़ दें। Bangladesh Cricket Board defiance.
वित्तीय नुकसान का दावा और नजमुल हुसैन का बयान
पहले ऐसा लग रहा था कि वर्ल्ड कप में हिस्सा न लेने से बांग्लादेश को वित्तीय नुकसान (Financial loss) होगा, लेकिन अब यह दावा किया जा रहा है कि उन्हें एक पैसे का भी नुकसान नहीं होगा। यह स्पष्ट रूप से कहा गया है कि अगर वे वर्ल्ड कप नहीं खेलते हैं तो नुकसान खिलाड़ियों को होगा, बोर्ड को नहीं, क्योंकि बोर्ड की चीजें पहले से तय हैं। BCB की वित्त समिति के अध्यक्ष नजमुल हुसैन (Najmul Hossain statement) ने ICC को एक सख्त संदेश दिया है कि बांग्लादेश को किसी भी प्रकार का कोई नुकसान नहीं होगा और वे वर्ल्ड कप से अपना नाम वापस भी ले सकते हैं। हालांकि, तमीम इकबाल को यह पहले ही भारतीय एजेंट कह चुके हैं। Cricket finance, Player impact.
BCB की वित्तीय स्थिरता: 2027 तक राजस्व सुरक्षित
बीसीबी के वित्त समिति के अध्यक्ष नजमुल हुसैन का कहना है कि बांग्लादेश को कोई वित्तीय घाटा (Financial deficit) नहीं होगा। उनके मुताबिक, 2027 तक उनके राजस्व पर कोई असर नहीं पड़ेगा क्योंकि यह 2022 की ICC वित्तीय बैठक (ICC financial meeting) में पहले ही तय हो चुका था। मौजूदा साइकिल के लिए ICC से मिलने वाली राशि निश्चित है, इसलिए इस एक टूर्नामेंट में हिस्सा न लेने से बोर्ड की बैलेंस शीट (Board balance sheet) पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ेगा। Guaranteed revenue, Cricket administration.
बोर्ड को नहीं, खिलाड़ियों को होगा नुकसान
नजमुल हुसैन ने साफ किया है कि बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड को कोई नुकसान नहीं होगा, क्योंकि नुकसान खिलाड़ियों का होगा। जब खिलाड़ी मैदान पर उतरते हैं, तो उन्हें हर मैच की फीस (Match fees) मिलती है। इसके अलावा, मैन ऑफ द मैच (Man of the Match) बनने या विशेष प्रदर्शन करने पर ICC के नियमों के तहत मिलने वाली राशि सीधे खिलाड़ियों को जाती है, जिससे बोर्ड का कोई लेना-देना नहीं होता। उनका कहना है कि चाहे बांग्लादेश खेले या ना खेले, बोर्ड को इससे कोई नफा-नुकसान नहीं होने वाला है। Player earnings, Performance bonuses.
ICC और BCCI की प्रतिष्ठा पर असर
अगर बांग्लादेश वर्ल्ड कप नहीं खेलता है, तो इससे ICC की भी बेइज्जती (ICC reputation) होगी। इस स्थिति में, कहीं न कहीं बांग्लादेश की जीत हो सकती है। बांग्लादेश अपनी जिद पर अड़ा हुआ है, और उनकी जिद को जायज भी ठहराया जा रहा है, खासकर जब सुरक्षा कारणों (Security concerns) का हवाला दिया जाता है। अब देखना यह होगा कि ICC इस पर क्या विचार करता है, लेकिन बांग्लादेश का संदेश स्पष्ट है कि अगर वे विश्व कप नहीं खेलते हैं तो उन्हें कोई नुकसान नहीं होगा। Cricket diplomacy, World Cup boycott implications.
Leave a Reply