Jawhar Sircar on TMC Defeat: पूर्व सांसद ने कहा पार्टी पर भ्रष्ट लोगों का कब्जा, ममता बनर्जी पर उठाए सवाल

Jawhar Sircar on TMC Defeat: पूर्व सांसद ने कहा पार्टी पर भ्रष्ट लोगों का कब्जा, ममता बनर्जी पर उठाए सवाल

West Bengal Assembly elections में Trinamool Congress (TMC) की भारी हार के बाद पार्टी के अंदर से ही विरोध की आवाजें उठने लगी हैं। पूर्व राज्यसभा सांसद और रिटायर्ड IAS ऑफिसर Jawhar Sircar ने अपनी ही पार्टी के internal functioning और नेतृत्व के फैसलों पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि पार्टी को “भ्रष्ट लोगों ने अपने कब्जे में ले लिया है” (taken over by corrupt people)।

हार के लिए अंदरूनी कलह जिम्मेदार

Jawhar Sircar ने एक इंटरव्यू में कहा कि चुनाव में हार के लिए सिर्फ बाहरी कारण ही जिम्मेदार नहीं थे, बल्कि पार्टी के अंदरूनी मुद्दे (internal issues) भी एक बड़ी वजह थे। उन्होंने अपने उस इस्तीफे का भी जिक्र किया जो उन्होंने पिछले साल सितंबर में दिया था। उन्होंने RG Kar Medical College and Hospital में एक ट्रेनी डॉक्टर के साथ हुए रेप और मर्डर केस और वहां फैले भ्रष्टाचार के विरोध में इस्तीफा दिया था।

Sircar ने कहा, “मेरा इस्तीफा पत्र वायरल हुआ था। मैंने उसमें भ्रष्टाचार और ‘दादागिरी’ की बात की थी। ममता बनर्जी ने इसे प्रोपेगेंडा कहा था। पार्टी के कुछ नेता, जिनमें से एक क्विज मास्टर (quiz master) हैं, जिनके पास कोई काम नहीं है लेकिन उनके पास बहुत ज्यादा पावर है।”

West Bengal Assembly Election 2026 के नतीजे

पश्चिम बंगाल की 294 सीटों वाली विधानसभा में इस बार के नतीजे चौंकाने वाले रहे हैं। बीजेपी ने बहुमत हासिल कर टीएमसी के 15 साल के शासन को खत्म कर दिया है।

पार्टी का नाम जीती गई सीटें
BJP (भारतीय जनता पार्टी) 207
TMC (तृणमूल कांग्रेस) 80
कुल सीटें 294

ममता बनर्जी और बीजेपी का उदय

Jawhar Sircar ने बंगाल में BJP के बढ़ते प्रभाव पर भी अपनी राय दी। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी ने एक तरह से बंगाल में बीजेपी को बढ़ावा दिया है। उनके मुताबिक, जब 1990 के दशक में ममता ने अपनी पार्टी बनाई थी, तब बीजेपी का राज्य में कोई वजूद नहीं था। ममता बनर्जी के साथ गठबंधन के जरिए ही बीजेपी ने पहली बार बंगाल में अपनी जगह बनाई और सीटें जीतनी शुरू कीं।

उन्होंने आगे कहा कि 2011 में सत्ता में आने के बाद ममता बनर्जी ने कांग्रेस और लेफ्ट जैसी विपक्षी पार्टियों को कमजोर करने पर ध्यान दिया। इसकी वजह से इन पार्टियों के नेता या तो टीएमसी में शामिल हो गए या अपनी सुरक्षा के लिए बीजेपी में चले गए। धीरे-धीरे बीजेपी उन लोगों के लिए एक ‘लाइफ इंश्योरेंस पॉलिसी’ की तरह बन गई जो ममता बनर्जी का विरोध करना चाहते थे।

TMC ने दी सफाई

Jawhar Sircar के इन बयानों के बाद Trinamool Congress ने एक आधिकारिक स्पष्टीकरण (official clarification) जारी किया है। पार्टी ने किसी नेता का नाम लिए बिना कहा कि मीडिया में दिए गए ऐसे बयान नेताओं के “व्यक्तिगत विचार” (personal views) हैं। इसे पार्टी का आधिकारिक स्टैंड (official stance) नहीं माना जाना चाहिए।

दूसरी ओर, ममता बनर्जी ने चुनाव के नतीजों को “इंजीनियर्ड” (engineered) बताया है। उनका कहना है कि उनकी पार्टी बीजेपी से नहीं बल्कि चुनाव आयोग (Election Commission) से लड़ रही थी।

FAQs

जवाहर सरकार ने टीएमसी की हार का क्या कारण बताया?

जवाहर सरकार ने कहा कि पार्टी पर भ्रष्ट लोगों का कब्जा हो गया है और अंदरूनी भ्रष्टाचार व गलत फैसलों की वजह से हार हुई है।

2026 के बंगाल चुनाव में बीजेपी को कितनी सीटें मिलीं?

बीजेपी ने 294 सीटों में से 207 सीटों पर जीत हासिल की है।

जवाहर सरकार ने राज्यसभा से इस्तीफा क्यों दिया था?

उन्होंने RG Kar Medical College में हुई घटना और वहां व्याप्त भ्रष्टाचार के विरोध में इस्तीफा दिया था।

टीएमसी ने जवाहर सरकार के बयान पर क्या कहा?

टीएमसी ने कहा कि यह उनके निजी विचार हैं और यह पार्टी का आधिकारिक स्टैंड नहीं है।

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