भारत का पहला UPI App कौन सा था? जानें PhonePe और BHIM से जुड़ी पूरी जानकारी
भारत में डिजिटल ट्रांजेक्शन (Digital Transactions) की दुनिया में Unified Payments Interface यानी UPI ने एक बड़ी क्रांति ला दी है। आज के समय में UPI की मदद से एक बैंक अकाउंट से दूसरे बैंक अकाउंट में तुरंत पैसा ट्रांसफर करना बहुत आसान हो गया है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि भारत का सबसे पहला UPI App कौन सा था? इस लेख में हम आपको UPI की शुरुआत और पहले ऐप्स के बारे में विस्तार से बताएंगे।
UPI क्या है और इसे किसने बनाया?
UPI का पूरा नाम Unified Payments Interface है। इसे National Payments Corporation of India (NPCI) द्वारा विकसित किया गया है। यह एक ऐसी इंस्टेंट पेमेंट सर्विस (Instant Payment Service) है जो आपको अपने मोबाइल फोन के जरिए एक बैंक खाते से दूसरे बैंक खाते में पैसे भेजने की सुविधा देती है। इसके लिए आपको एक यूनिक UPI ID की जरूरत होती है।
भारत का पहला प्राइवेट UPI ऐप: PhonePe
अगर हम कमर्शियल या प्राइवेट सेक्टर की बात करें, तो PhonePe भारत का पहला मोबाइल UPI पेमेंट ऐप था। PhonePe ने Yes Bank के साथ मिलकर अगस्त 2016 में अपनी सेवाएं शुरू की थीं। उस समय Yes Bank उन शुरुआती 21 बैंकों में शामिल था जिन्होंने UPI सर्विस को रोल आउट किया था।
PhonePe पहली ऐसी प्राइवेट कंपनी बनी जिसने UPI आधारित ऐप पेश किया। यह ऐप Google Play Store पर उपलब्ध कराया गया था। आपको बता दें कि उस समय PhonePe ई-कॉमर्स दिग्गज Flipkart की एक सहायक कंपनी (Subsidiary) के रूप में काम कर रही थी।
भारत का पहला सरकारी UPI ऐप: BHIM
अक्सर लोग पूछते हैं कि सरकार द्वारा समर्थित पहला UPI ऐप कौन सा था? इसका जवाब है BHIM (Bharat Interface for Money)। BHIM ऐप को भी National Payments Corporation of India (NPCI) ने ही तैयार किया था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 30 दिसंबर 2016 को BHIM ऐप को लॉन्च किया था। इस ऐप को लाने का मुख्य उद्देश्य भारत में वित्तीय समावेशन (Financial Inclusion) को बढ़ावा देना और कैशलेस डिजिटल इकोनॉमी (Cashless Digital Economy) को मजबूत करना था। यह साल 2016 में सरकार द्वारा जारी किया गया पहला UPI ऐप था।
PhonePe और BHIM ऐप की तुलना
नीचे दी गई टेबल में आप दोनों ऐप्स की मुख्य जानकारी देख सकते हैं:
| विवरण (Point) | PhonePe | BHIM App |
|---|---|---|
| लॉन्च की तारीख (Launch Date) | अगस्त 2016 | 30 दिसंबर 2016 |
| किसने बनाया (Developed By) | PhonePe (Private) | NPCI (Government Backed) |
| पार्टनर बैंक (Partner Bank) | Yes Bank | NPCI के माध्यम से कई बैंक |
| मुख्य उद्देश्य (Main Goal) | प्राइवेट डिजिटल पेमेंट सर्विस | कैशलेस इकोनॉमी और वित्तीय समावेशन |
| स्वामित्व (Ownership) | Flipkart की सहायक कंपनी (उस समय) | भारत सरकार/NPCI |
डिजिटल पेमेंट में क्रांति
PhonePe और BHIM जैसे प्लेटफॉर्म्स ने भारत में डिजिटल पेमेंट के तरीके को पूरी तरह बदल दिया। इन ऐप्स की वजह से आज करोड़ों भारतीय बिना नकद (Cashless) के आसानी से लेनदेन कर पा रहे हैं। UPI ने बैंकिंग को हर मोबाइल तक पहुंचा दिया है, जिससे आम आदमी का जीवन काफी सरल हो गया है।
FAQs
भारत का सबसे पहला UPI ऐप कौन सा था?
प्राइवेट सेक्टर में PhonePe पहला ऐप था जिसे अगस्त 2016 में लॉन्च किया गया था। सरकार की ओर से BHIM पहला ऐप था जिसे दिसंबर 2016 में लॉन्च किया गया।
BHIM ऐप कब और किसने लॉन्च किया था?
BHIM ऐप को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 30 दिसंबर 2016 को लॉन्च किया था।
UPI का फुल फॉर्म क्या है और इसे किसने बनाया है?
UPI का फुल फॉर्म Unified Payments Interface है और इसे NPCI (National Payments Corporation of India) ने विकसित किया है।
PhonePe की शुरुआत किस बैंक के साथ हुई थी?
PhonePe ने अपनी UPI सेवाओं की शुरुआत Yes Bank के साथ मिलकर की थी।