Anthropic Mythos AI: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने दी चेतावनी, बताया युद्ध जैसा खतरा
भारत की केंद्रीय वित्त मंत्री (Union Finance Minister) निर्मला सीतारमण ने एंथ्रोपिक (Anthropic) के नए AI सिस्टम ‘मिथोस’ (Mythos) को लेकर बड़ी चिंता जताई है। उन्होंने इस उभरते हुए साइबर रिस्क (cyber risk) को युद्ध के खतरे के बराबर बताया है। सीतारमण ने यह बात 27 अप्रैल 2026 को ‘ET Awards for Corporate Excellence’ के दौरान कही।
वित्त मंत्री ने कहा कि कुछ हफ्ते पहले तक किसी ने सोचा भी नहीं था कि एक नया खतरा आएगा जो युद्ध जितना बड़ा होगा। यह खतरा हमारे पूरे डिजिटल नेटवर्क (digital network) को नुकसान पहुंचा सकता है। उनके इस बयान के बाद अब हर कोई जानना चाहता है कि आखिर यह Anthropic Mythos क्या है और यह इतना खतरनाक क्यों है।
क्या है Anthropic Mythos AI?
Mythos एक AI मॉडल है जिसे एंथ्रोपिक कंपनी ने ‘Project Glasswing’ के तहत बनाया है। यह अभी पूरी तरह से रिलीज नहीं हुआ है और केवल प्रीव्यू मोड (preview mode) में है। यह आम चैटबॉट्स की तरह केवल लिखने या कोडिंग करने के लिए नहीं है। इसे खास तौर पर साइबर सुरक्षा (cybersecurity) के कामों के लिए बनाया गया है।
अभी यह मॉडल केवल कुछ चुनिंदा संगठनों (organizations) को टेस्टिंग के लिए दिया गया है। यह सिस्टम डिजिटल नेटवर्क की कमियों (vulnerabilities) को ढूंढने और साइबर हमलों को रोकने में मदद करता है। यह मशीन की स्पीड से काम करता है और हैकर्स के हमला करने से पहले ही सुरक्षा को मजबूत कर देता है।
Mythos AI ने पकड़ी पुरानी गलतियां
एंथ्रोपिक ने अपने ब्लॉगपोस्ट में बताया है कि Mythos Preview बहुत ही खतरनाक तरीके से काम कर सकता है। टेस्टिंग के दौरान इसने कई बड़े ऑपरेटिंग सिस्टम (operating system) और वेब ब्राउजर्स में ऐसी कमियां ढूंढीं जिन्हें आज तक कोई नहीं पकड़ पाया था।
| सॉफ्टवेयर/सिस्टम | खामी (Vulnerability) का विवरण |
|---|---|
| OpenBSD | 27 साल पुराना बग (bug) ढूंढ निकाला जिसे किसी ने नहीं देखा था। |
| FFmpeg | 16 साल पुराना बग खोजा, जिसका इस्तेमाल लगभग हर वीडियो ऐप करता है। |
| वेब ब्राउजर्स | दुनिया के सभी बड़े वेब ब्राउजर्स में सुरक्षा कमियां ढूंढीं। |
| ऑपरेटिंग सिस्टम | सभी प्रमुख ऑपरेटिंग सिस्टम में जीरो-डे (zero-day) कमियां मिलीं। |
हैरानी की बात यह है कि Mythos ने केवल इन कमियों को ढूंढा ही नहीं, बल्कि यह भी बताया कि इनका फायदा उठाकर सिस्टम के अंदर कैसे घुसा जा सकता है। रिपोर्ट के अनुसार, इसने जो 99% कमियां ढूंढी हैं, उन्हें अभी तक ठीक (patch) नहीं किया गया है।
आम इंसान भी बन सकता है हैकर
निर्मला सीतारमण की चिंता का एक बड़ा कारण यह भी है कि अब साइबर हमले करने के लिए किसी एक्सपर्ट होने की जरूरत नहीं होगी। पहले केवल बहुत अनुभवी हैकर्स ही ऐसी कमियां ढूंढ पाते थे। लेकिन अब कोई भी व्यक्ति जिसे सुरक्षा की जानकारी नहीं है, वह इस AI की मदद से बड़ा साइबर हमला (cyberattack) कर सकता है।
भारत ने पिछले कुछ सालों में बैंकिंग, पेमेंट्स और सरकारी सेवाओं का तेजी से डिजिटलीकरण (digitization) किया है। ऐसे में अगर डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमला होता है, तो इसका असर पूरी अर्थव्यवस्था पर पड़ सकता है। वित्त मंत्री ने कहा कि हमें अब बहुत ज्यादा सतर्क (vigilant) रहने की जरूरत है।
भारत सरकार का अगला कदम
इस खतरे को देखते हुए भारत सरकार ने कदम उठाना शुरू कर दिया है। सरकार एंथ्रोपिक कंपनी और अमेरिकी प्रशासन (US administration) के साथ संपर्क में है ताकि इस तकनीक को बेहतर तरीके से समझा जा सके। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) इस पूरे मामले की समीक्षा कर रहा है।
सरकार ने उन संगठनों से भी बात करना शुरू कर दिया है जिनके पास Mythos का एक्सेस है। इसके अलावा, बैंकों और वित्तीय संस्थानों के साथ भी सलाह-मशविरा किया गया है।
विशेष पैनल का गठन
नई दिल्ली में हुई एक हाई-लेवल मीटिंग के बाद एक विशेष पैनल बनाने की घोषणा की गई है। इस मीटिंग में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण और आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव (Ashwini Vaishnaw) शामिल थे। इस पैनल के मुख्य बिंदु नीचे दिए गए हैं:
- पैनल के अध्यक्ष: सी एस शेट्टी (C S Setty), स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI)।
- उद्देश्य: वित्तीय प्रणाली (financial system) पर होने वाले खतरों की जांच करना।
- फोकस: डिजिटल सुरक्षा को मजबूत करना।
निष्कर्ष
Mythos AI अभी केवल टेस्टिंग फेज में है, लेकिन इसने पूरी दुनिया को डरा दिया है। यह दिखाता है कि AI अब केवल बातचीत करने का जरिया नहीं रहा, बल्कि यह डिजिटल युद्ध (digital warfare) का हिस्सा बन सकता है। भारत के लिए अपने डिजिटल बॉर्डर की सुरक्षा करना अब उतना ही जरूरी हो गया है जितना कि अपनी जमीनी सीमाओं की रक्षा करना।
FAQs
1. Anthropic Mythos क्या है?
यह एंथ्रोपिक कंपनी द्वारा बनाया गया एक एडवांस AI मॉडल है जो साइबर सुरक्षा और नेटवर्क की कमियां ढूंढने के लिए डिजाइन किया गया है।
2. निर्मला सीतारमण ने इसे युद्ध जैसा खतरा क्यों कहा?
क्योंकि यह AI बिना किसी एक्सपर्ट जानकारी के बड़े साइबर हमले करने में सक्षम है, जिससे देश के डिजिटल नेटवर्क और अर्थव्यवस्था को भारी नुकसान हो सकता है।
3. Mythos AI ने कौन सी बड़ी कमियां ढूंढी हैं?
इसने OpenBSD में 27 साल पुराना और FFmpeg में 16 साल पुराना बग ढूंढा है, जिसे आज तक कोई नहीं पकड़ पाया था।
4. भारत सरकार इस खतरे से निपटने के लिए क्या कर रही है?
सरकार ने SBI के सी एस शेट्टी की अध्यक्षता में एक विशेष पैनल बनाया है और एंथ्रोपिक व अमेरिकी सरकार से बातचीत कर रही है।